कवि लेखक ढाकवाला का दुर्घटना में निधन
प्रसिद्ध व्यंग्य लेखक कवि और मेरे दोस्त वरिष्ठ प्रशासंनिक अधिकारी जब्बार ढाकवाला और उनकी पत्नी तरन्नुम ढाकवाला का ऋषिकेश और टिहरी के बीच एक कार दुर्घटना में निधन हो गया है। डीएम टिहरी ने दुर्घटना स्थल से मिली डायरी में लिखे फोन नम्बर देख कर मुझे फोन पर खबर दी।
वे मेरे अभिन्नतम मित्र थे और अपने सारे सुख दुख मेरे साथ साझा करते थे। भोपाल की हज़ारों सांस्कृतिक शामें हम लोगों ने साथ ही गुज़ारी हैं। महफिल चाहे संगीत की हो साहित्य की हो नाटक की हो या चुनिन्दा फिल्में हों, हम साथ साथ ही जाते थे। भोपाल का शायद ही कोई होटल या रेस्त्राँ होगा जहाँ हम लोगों ने डिनर न किया हो। ढाकवाला दम्पत्ति मेरे जीवन का इतना बड़ा हिस्सा बन चुके थे कि लग रहा है तीन चौथाई तो मैं ही मर गया हूं। वे इतने अधिक सामाजिक और सहज थे कि उनके अन्दर अफसरी अभिजात्य का नामो निशान नहीं था। जिस कार्यालय में रहे उसके निहित स्वार्थों वाले मठाधीशों से कोई समझौता नहीं किया जिससे मनमाने आरोपों को भी झेला पर उसकी कोई परवाह नहीं की।
ऐसा लग रहा है कि मैं अपने आप को श्रद्धांजलि दे लूं।
वीरेन्द्र जैन
भोपाल 462023
मो. 9425674629